Google को यूजर्स के लोकेशन डेटा से जुड़े नियमों का उल्लंघन करना भारी पड़ा है। यूरोपीय संघ के डेटा प्रोटेक्शन नियमों के तहत आयरलैंड के Data Protection Commission (DPC) ने Google पर 403 मिलियन यूरो का जुर्माना लगाया है। भारतीय मुद्रा में यह रकम करीब 4,000 करोड़ रुपये के बराबर है।


DPC की जांच में Google की तीन सेवाओं और फीचर्स को शामिल किया गया था। इनमें Web & App Activity, Location History और Android का Location Accuracy फीचर शामिल हैं। जांच के मुताबिक, 25 मई 2018 से 4 फरवरी 2020 के बीच Google ने लोकेशन डेटा को कानूनी, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से प्रोसेस नहीं किया।


रेगुलेटर ने यह भी कहा कि Google अपने लोकेशन डेटा प्रोसेसिंग से जुड़े कुछ नियमों के अनुपालन को साबित करने में असफल रहा। इसके अलावा Web & App Activity और Location History के तहत डेटा को जरूरत से ज्यादा समय तक रखने को लेकर भी सवाल उठाए गए।


DPC ने Google को छह महीने के भीतर अपनी डेटा प्रोसेसिंग व्यवस्था को GDPR के अनुरूप बनाने का निर्देश दिया है। रेगुलेटर के मुताबिक लोकेशन डेटा बेहद संवेदनशील जानकारी हो सकती है, क्योंकि इससे किसी व्यक्ति की लोकेशन, उसकी गतिविधियों और रुचियों के बारे में जानकारी का अनुमान लगाया जा सकता है।


Google ने कहा है कि यह मामला पुरानी नीतियों से जुड़ा है, जिन्हें बाद में अपडेट किया गया। कंपनी के मुताबिक 2019 के बाद उसने लोकेशन डेटा मैनेजमेंट को बेहतर बनाने के लिए कई बदलाव किए हैं।